
अयोध्या में भगवान राम की प्राण प्रतिष्ठा की तैयारी लगभग पूरी हो चुकी है। ऐसे में PM मोदी के साथ साथ और कई बड़ी बड़ी हस्तियां शामिल होने जा रही है। करीब 7 हजार से ज्यादा विशिष्ट अतिथियों को रामलला के प्राण प्रतिष्ठा समारोह के लिए निमंत्रण दिया गया है। बता दें कि प्रायश्चित पूजन और कर्मकुटी पूजन के साथ प्राण प्रतिष्ठा का 7 दिन का अनुष्ठान मंगलवार से आरंभ हो गया है।

प्रभु श्री राम की मूर्ति को बीते बुधवार को देर रात मंदिर के गर्भगृह में लाया गया है। यह एक ऐतिहासिक पल रहा, जिसका दुनिया भर के लाखों हिंदुओं ने स्वागत किया। ये जानकारी निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्रा ने दी है । ऐसे में मूर्ति को अंदर लाने से पहले गर्भगृह में एक विशेष पूजा आयोजित की गई।

समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्रा ने कहा है कि आज गुरुवार को गर्भगृह में मूर्ति को स्थापित किए जाने की संभावना है। राम की मूर्ति को एक क्रेन की मदद से राम मंदिर के अंदर लाया गया है। इस दौरान श्रद्धालुओं ने मंत्रोच्चार करते हुए और आरती करते हुए मूर्ति का स्वागत किया।

रामलला की मूर्ति को 51 इंच ऊंचा और 35 इंच चौड़ा बनाया गया है। यह सफेद संगमरमर से बना और इसमें भगवान राम को बाल रूप में देखने को मिलेगा। आपको बता दें कि इस मूर्ति को प्रसिद्ध मूर्तिकार अरुण योगीराज ने बनाया है। मूर्ति को गर्भगृह में स्थापित करने के बाद, राम मंदिर के मुख्य पुजारी, आचार्य सत्येंद्र त्रिपाठी ने पूजा-अर्चना की। उन्होंने भगवान राम से सभी के कल्याण की प्रार्थना की।
जानकारी के मुताबिक, 22 जनवरी को पवित्रीकरण के दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मुख्य यजमान होंगे जबकि पहले समारोह के लिए मुख्य अतिथि के रूप में डॉ. अनिल मिश्र का चयन किया गया था डॉ. मिश्र ने सुबह से यज्ञ-रस अनुष्ठान किया।
यह भी पढ़ें:
- सेवा, संकल्प के रूप में मनाई गई डॉ. अखिलेश दास गुप्ता की 64वीं जयन्ती
- महाकुम्भ में उत्कृष्ट कार्य के लिए यूपी अग्निशमन विभाग को गोवा में मिला सम्मान
- शिक्षा राष्ट्र की आधारशिला, अटल आवासीय विद्यालय शिक्षा का एक मॉडल है : सीएम योगी
- पंजाब किंग्स ने लखनऊ को हराकर दर्ज की लगातार दूसरी जीत
- वक्फ संशोधन बिल लोकसभा में पेश, UP में हाई अलर्ट, संवेदनशील इलाकों में पुलिस फोर्स तैनात